किसानों की ओर से लाए गए बारदाने से भी होगी धान खरीदी

जिले में वर्तमान में धान उपार्जन कार्य 54 समितियों के 86 उपार्जन केंद्रों में संचालित किया जा रहा है। इस वर्ष शासन के निर्देशानुसार 60 प्रतिशत धान नए बारदाने में एवं 40 प्रतिशत धान पुराने बारदानों में उपार्जित किए जा रहे हैं। खाद्य अधिकारी ने बताया कि धान उपार्जन कार्य में नए बारदानों की पर्याप्त व्यवस्था है, किंतु पुराने बारदानों की किल्लत समितियों में बनी हुई है। इस समस्या के समाधान के लिए कलेक्टर के प्रयास से किसानों के पुराने बारदानों में धान खरीदी में खरीदी के लिए विकल्प समितियों को प्राप्त है। इस संबंध में यह निर्देश है कि जब समिति प्रबंधकों की ओर से आगामी खरीदी के लिए टोकन जारी किया जाएगा, उसमें किसानों को अपना पुराना बारदाना धान विक्रय के लिए लाने की सूचना देवें। पुराने बारदाने कृषकों से समिति प्रबंधक प्राप्त करेगा। इसमें जैसे एक कृषक को 100 क्विंटल धान बेचना है तो उन्हें 40 क्विंटल धान पुराने बारदानें में लाना है तथा शेष 60 क्विंटल धान के लिए नये बारदाने समिति प्रबंधक उपलब्ध कराएंगे। किसानों की ओर से प्रदाय किये गए पुराने बारदानों की शासन की ओर से तय राशि उनके खातों में अंतरित की जावेगी। इस विकल्प के बारे में समिति प्रबंधक कृषकों से चर्चा कर, उन्हें पुराने बारदानों में विक्रय के लिए प्रेरित करें। किसी भी हालात में समितियां धान खरीदी बंद न करें।

Source: 
visionnewsservice.in

Related News